मिला ना प्यार तो रिंदो से दोस्ती कर ली
यूँ अपने ही दिल से हमने दिल्लगी कर ली
बडे मगरूर थे अंधेरे कि राज उनका है
घर अपना जला हमने रोशनी कर ली
मेरे दुश्मन भी मेरा ये हौसला देख कर
घबरा के आखिर हमसे दोस्ती कर ली
होंगे मजबूर वो शायद जो बेवफा हुए
ये सोच कर दिल ने मेरे तस्सली कर ली
उजाले यूं हुए उनके आने से हर तरफ
कि अंधेरों ने घुट के खुदकुशी कर ली
जो भी मुहब्बत में ‘राजा’ से पेश आया
सर अपना झुका हमने बंदगी कर ली
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